बारिश के दिनों में पहाड़ी ढलानों से मिट्टी खिसकना, जमीन का कटाव और कमजोर ढलान जम्मू जैसे इलाकों में बड़ी समस्या बन सकते हैं। ऐसे इलाकों में एक साधारण दिखने वाली घास Vetiver Grass मिट्टी को थामने में उपयोगी साबित हो सकती है। इसी तकनीक को बड़े स्तर पर अपनाते हुए CISF ने जम्मू क्षेत्र में 2 लाख Vetiver Grass slips लगाने का काम पूरा किया है।
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यह अभियान इसलिए भी महत्वपूर्ण है क्योंकि इसे किसी एक स्थान तक सीमित नहीं रखा गया है। CISF के मुताबिक 2026 की इस पहल के तहत देशभर में उसकी विभिन्न इकाइयों में करीब 15 से 20 लाख Vetiver slips लगाने की योजना पर काम चल रहा है।
जम्मू में कहां लगाए गए 2 लाख Vetiver Grass slips?
CISF की ओर से 13 सितंबर 2026 को जारी जानकारी के अनुसार North Sector Headquarters, Mahipalpur, New Delhi से जम्मू क्षेत्र के लिए करीब दो लाख Vetiver Grass slips उपलब्ध कराए गए थे।
CISF की 7th Reserve Battalion, Kishtwar के 20 कर्मियों की टीम ने Territorial Army Battalion के जवानों के साथ मिलकर 19 अगस्त 2026 से पौधरोपण शुरू किया।
अभियान में Sumb-Samba क्षेत्र में 1,74,140 Vetiver Grass slips लगाए गए। इसके लिए करीब चार हेक्टेयर क्षेत्र को कवर किया गया।
इसके अलावा 25,860 slips CISF 7th Reserve Battalion Nursery में लगाए गए। इस तरह जम्मू क्षेत्र में कुल संख्या 2,00,000 तक पहुंच गई।
Vetiver Grass क्या है और मिट्टी के कटाव में कैसे मदद करती है?
Vetiver एक ऐसी घास है जिसकी जड़ प्रणाली मिट्टी में काफी नीचे तक जा सकती है। यही विशेषता इसे soil conservation यानी मिट्टी संरक्षण के लिए उपयोगी बनाती है।
ढलान वाली जमीन पर बारिश का पानी तेजी से बहने पर ऊपरी मिट्टी अपने साथ ले जा सकता है। पौधों की जड़ें मिट्टी को बांधने में मदद करती हैं। Vetiver की घनी जड़ प्रणाली के कारण इसका इस्तेमाल मिट्टी के कटाव को कम करने और ढलानों को स्थिर रखने वाली परियोजनाओं में किया जाता है।
CISF ने भी अपने अभियान के चार प्रमुख उद्देश्य बताए हैं। इनमें soil conservation, soil erosion की रोकथाम, slope stability और ecological sustainability शामिल हैं।
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दिल्ली में यमुना किनारे से भी जुड़ा है अभियान
जम्मू की यह पहल CISF के बड़े Vetiver Plantation Initiative 2026 का हिस्सा है।
CISF ने 21 अगस्त 2026 को नई दिल्ली के गंगा विहार स्थित यमुना नदी के किनारे Vetiver plantation drive शुरू किया था। इस कार्यक्रम का नेतृत्व CISF के Director General प्रवीर रंजन ने वरिष्ठ अधिकारियों के साथ किया था।
अब जम्मू में दो लाख slips लगाए जाने से अभियान का दायरा और बढ़ गया है।
देशभर में 15 से 20 लाख Vetiver लगाने की योजना
CISF के अनुसार Vetiver Plantation Initiative 2026 के तहत उसकी विभिन्न formations में करीब 15 से 20 लाख Vetiver slips लगाने का काम किया जा रहा है।
इसमें Yamuna Bank, New Delhi के अलावा 8th Reserve Battalion Jaipur, SSG Noida, 5th Reserve Battalion Ghaziabad और CISF Regional Training Centre, Deoli, Tonk, Rajasthan जैसे स्थान शामिल हैं।
जम्मू में अन्य स्थानों पर भी plantation और nursery विकसित करने का काम आगे बढ़ाया जा रहा है।
इस पहल का महत्व संख्या से ज्यादा उन स्थानों के चयन में है जहां मिट्टी का कटाव या ढलान की स्थिरता चिंता का विषय हो सकती है।
भूस्खलन वाले इलाकों में भी Vetiver का इस्तेमाल क्यों अहम है?
पहाड़ी इलाकों में जमीन को स्थिर रखने के लिए वनस्पति महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। CISF अपने अभियान को नदी किनारों के साथ landslide-affected areas में soil और slope protection से भी जोड़ रही है।
हालांकि Vetiver plantation को हर प्रकार के भूस्खलन का अकेला समाधान मानना सही नहीं होगा। किसी गंभीर landslide-prone क्षेत्र में मिट्टी की प्रकृति, ढलान, पानी के बहाव और भूगर्भीय स्थितियों के आधार पर तकनीकी उपाय भी जरूरी हो सकते हैं।
फिर भी ऐसी जगहों पर उपयुक्त परिस्थितियों में वनस्पति आधारित soil conservation प्राकृतिक संसाधनों को बचाने में उपयोगी भूमिका निभा सकता है।
धनबाद में भी पर्यावरण से जुड़ा काम कर चुकी है CISF
CISF ने इस अभियान को अपने पहले के eco-restoration कार्यों से भी जोड़ा है। Force के मुताबिक BCCL, Dhanbad में एक overburden dump के transformation का काम भी उसके पर्यावरण संबंधी प्रयासों में शामिल रहा है।
सुरक्षा बल का मुख्य दायित्व देश के महत्वपूर्ण प्रतिष्ठानों की सुरक्षा है। इसके साथ उसके परिसरों और तैनाती वाले स्थानों पर इस तरह के पर्यावरण अभियान चलाए जाने से बड़े पैमाने पर खाली या कटाव प्रभावित जमीन पर vegetation बढ़ाने का अवसर मिल सकता है।













