प्रोटीन के चक्कर में अंडे का ज्यादा सेवन करने से हो सकते हों आप बीमारियों का शिकार

प्रोटीन का नाम सुनते ही सबसे पहला ख्याल अंडों का आता है। हो भी क्यों न, अंडे इस पोषक तत्व का सबसे अच्छा और आसानी से उपलब्ध स्रोत माने जाते है
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शरीर को पुष्ट बनाने और मांसपेशियों के बेहतर विकास के लिए पर्याप्त मात्रा में प्रोटीन का सेवन करना बहुत आवश्यक माना जाता है। प्रोटीन का नाम सुनते ही सबसे पहला ख्याल अंडों का आता है। हो भी क्यों न, अंडे इस पोषक तत्व का सबसे अच्छा और आसानी से उपलब्ध स्रोत माने जाते हैं। औसत 100 ग्राम अंडे से 13 ग्राम की मात्रा में प्रोटीन प्राप्त किया जा सकता है। वहीं स्वास्थ्य विशेषज्ञों के मुताबिक वयस्क पुरुषों को प्रतिदिन लगभग 56 ग्राम और महिलाओं को प्रतिदिन लगभग 46 ग्राम प्रोटीन की आवश्यकता होती है। यानी कि अगर आप अन्य चीजों के साथ रोजाना चार अंडे खाते हैं तो शरीर की इस आवश्यकता को आसानी से पूरा किया जा सकता है। पर ज्यादा प्रोटीन के चक्कर में कहीं आप भी तो बहुत अधिक अंडों का सेवन नहीं कर रहे?

आहार विशेषज्ञों के मुताबिक शरीर को एक नियत मात्रा में ही पोषक तत्वों की जरूरत होती है। इससे अधिक की मात्रा का ठीक से पाचन नहीं हो पाता है जिससे यह लिवर और किडनी के लिए अतिरिक्त मेहनत का कारण बन सकती हैं। वहीं अध्ययनों से पता चलता है कि अंडों का अधिक सेवन करने वाले लोगों को कई तरह की गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं का जोखिम भी हो सकता है। आइए आगे की स्लाइडों में इस बारे में विस्तार से जानते हैं।

  1. अंडे का सफेद हिस्सा फैट फ्री और लो कैलोरी वाला होता है, लेकिन असलियत में इस सफेद हिस्से के कई नुकसान हैं। अंडे के सफेद हिस्से के सेवन से कुछ लोगों को एलर्जी हो जाती है। ऐसे में शरीर पर चकत्ते बनना, त्वचा में सूजन और लाल होना, ऐंठन, दस्त, खुजली आदि परेशानियां हो सकती है। जिन लोगों को पहले से एलर्जी की समस्या है, उन्हें अंडे का सेवन नहीं करना चाहिए।
  2. अंडे के सफेद भाग में प्रोटीन की बहुत ज्यादा मात्रा जोती है, इसलिए ये किडनी की समस्या से ग्रसित लोगों के लिए हानिकारक होता हैं। दरअसल किडनी की समस्या से जूझ रहे लोगों में जीएफआर (एक तरल पदार्थ जो किडनी को फिल्टर करता है) की मात्रा कम होती है। अंडे का सफेद हिस्सा जीएफआर को और कम कर देता है। इससे किडनी को फिल्टर करने में समस्या होती है. ऐसे में किडनी पेशेन्ट्स के लिए समस्या बढ़ सकती है।
  3. अंडे के सफेद भाग में एब्यूमिन होता है। इसके कारण शरीर को बायोटिन एब्जॉर्ब करने में समस्या होती है, ऐसे में मांसपेशियों में दर्द की समस्या, स्किन से जुड़ी परेशानियां, बालों का झड़ना आदि समस्याएं होने लगती हैं।
  4. वहीं अगर अंडे के पीले भाग की बात करें तो इसमें कोलेस्ट्रोल और फैट अधिक मात्रा में पाया जाता है। यदि आप रोजाना दो से ज्यादा अंडे खाते हैं तो कोलेस्ट्रॉल बढ़ सकता है, इसके कारण आपको हार्ट से जुड़ी समस्याएं हो सकती हैं. हार्ट की समस्या से जूझ रहे लोगों और डायबिटीज के मरीजों को अंडे अवॉयड करने चाहिए।

disclaimer-विभिन्न माध्यमों से मिली जानकारी पर आधारित। indiavistar.com सत्यता की पुष्टि नहीं करता।

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11-03-2026