भारत सरकार के इस कदम से लगेगी AI जनित फर्जी चीजों पर रोक!

भारत सरकार

भारत सरकार ने एक अहम कदम उठाया है। अब सोशल मीडिया पर जो भी कंटेंट AI या ऑटोमेटेड सिस्टम से बनाया गया होगा, उसे स्पष्ट रूप से लेबल करना अनिवार्य किया जा सकता है।
यह प्रस्ताव सूचना प्रौद्योगिकी नियम, 2021 (IT Rules 2021) के तहत तैयार हो रहा है।

ड्राफ्ट के मुख्य प्रावधान:

  • सभी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म को AI-जनित कंटेंट पर स्पष्ट लेबल लगाना होगा।
  • गलत जानकारी फैलाने वाले कंटेंट को हटाने के लिए 1 घंटे की समयसीमा प्रस्तावित है।
  • नियम का उद्देश्य पारदर्शिता, जवाबदेही और यूज़र सुरक्षा सुनिश्चित करना है।

हमारे सुझाव — नियम को और मज़बूत बनाने के लिए:

  • लेबलिंग का मानक फॉर्मेट: जैसे “यह कंटेंट AI द्वारा जनित है” — इसे सभी प्रमुख भाषाओं में लागू किया जाए।
  • फेस रिकग्निशन कंटेंट पर चेतावनी: यदि किसी का चेहरा या पहचान AI से बनाई गई हो, तो यूज़र को स्पष्ट जानकारी मिले।
  • फैक्ट-चेकिंग सहयोग: सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स को स्वतंत्र फैक्ट-चेकिंग संस्थाओं से जोड़ना अनिवार्य किया जाए।
  • यूज़र रिपोर्टिंग टूल: यदि कोई AI कंटेंट भ्रामक लगे, तो यूज़र आसानी से उसे रिपोर्ट कर सके।

सुझाव भेजने की अंतिम तिथि:25 अक्टूबर 2025

आप अपने सुझाव DoT (Department of Telecommunications) की आधिकारिक वेबसाइट पर भेज सकते हैं।

संभावित लाभ:

भ्रामक कंटेंट पर रोक: Deepfake, AI-generated propaganda और automated misinformation की पहचान आसान होगी।
यूज़र को अधिकार: लोग जान सकेंगे कि जो कंटेंट वे देख रहे हैं, वह इंसान ने लिखा है या मशीन ने।
डिजिटल ट्रस्ट में वृद्धि: पारदर्शिता से सोशल मीडिया पर भरोसा बढ़ेगा।
साइबर अपराध नियंत्रण: AI के दुरुपयोग पर रोक लगेगी, जिससे “Cyber Crime Mukt Bharat” की दिशा में ठोस कदम बढ़ेगा।

निष्कर्ष:

AI का उपयोग बढ़ रहा है, लेकिन इसके साथ जिम्मेदारी भी उतनी ही जरूरी है।
AI को पहचानिए, पारदर्शिता अपनाइए — तभी डिजिटल भारत सुरक्षित रह पाएगा।

यह भी पढ़ेंः

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inspector raman kumar
इंस्पेक्टर रमण कुमार सिंह,दिल्ली पुलिस में बतौर इंस्पेक्टर तैनात है । वे दिल्ली के कई पुलिस थानों के साथ साथ साइबर पुलिस स्टेशन के थानाध्यक्ष रहे है । वे साइबर जागरूकता के लिए साइबर सेफ व्हाट्सएप्प ग्रुप और बी द पुलिस नाम से फेसबुक पेज और फेसबुक ग्रुप के संचालक है ।

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22-07-2026