अंतर्राष्ट्रीय वृद्धजन दिवस पर आयोजित दिल्ली पुलिस सेमिनार में इन मुद्दों पर हुई चर्चा

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अंतर्राष्ट्रीय वृद्धजन दिवस पर आयोजित सेमिनार

अंतर्राष्ट्रीय वृद्धजन दिवस पर दिल्ली पुलिस द्वारा आयोजित सेमिनार में कई अहम मुद्दों पर चर्चा हुई। अपराध शाखा के विशेष आयुक्त देवेश चंद श्रीवास्तव की अध्यक्षता में अंतर्राष्ट्रीय वृद्धजन दिवस पर आयोजित सेमिनार का विषय “दिल्ली पुलिस लाइव विद एल्डरली सिटिजन्स” था। सेमिनार में स्पेशल सीपी देवेश चंद्र श्रीवास्तव ने अंतर्राष्ट्रीय वृद्धजन दिवस पर वरिष्ठ लोगों के सुखी औऱ स्वस्थ जीवन की कामना की। उन्होंने कहा कि वरिष्ठ नागरिकों की सुरक्षा दिल्ली पुलिस की सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने वरिष्ठ नागरिकों के लिए दिल्ली पुलिस द्वारा की गई विभिन्न प्रयासों को साझा किया।

अंतर्राष्ट्रीय वृद्धजन दिवस पर दिल्ली पुलिस सेमिनार में स्पेशल सीपी देवेश चंद्र श्रीवास्तव ने बताया कि प्रत्येक बीट अफसर का कर्तव्य है कि वह पंजीकृत वरिष्ठ नागरिक से पखवाड़े में कम से कम एक बार जरूर मिले। सेमिनार में मौजूद वरिष्ठ नागरिकों को सीनियर सिटीजन हेल्प लाइन 1291 और दिल्ली पुलिस द्वारा शुरू किए गए विभिन्न एप्प के बारे में भी बताया गया। श्री श्रीवास्तव ने अपील की कि वरिष्ठ नागरिक अपने घरेलू सहायकों और किराएदारों का पुलिस सत्यापन अवश्य कराएं। वरिष्ठ नागरिकों और बीट अधिकारियों के बीच आपसी तालमेल और सौहार्दपूर्ण पर आधारित संबंध बनाए रखने पर जोर दिया गया। इस तथ्य को साझा करते हुए कि पुनर्वास कॉलोनियों में पॉश कॉलोनियों की तुलना में अधिक सीसीटीवी हैं, श्री श्रीवास्तव ने दिल्ली पुलिस की सुरक्षित शहर परियोजना का भी संक्षेप में वर्णन किया, जिसमें पूरे शहर को सीसीटीवी से कवर करने का इरादा है। हालांकि, चूंकि दिल्ली के सभी हिस्सों में इस योजना को लागू करने में समय लगता है, इसलिए यह सलाह दी गई कि मार्केट वेलफेयर एसोशिएसन (MWA) और रेजीडेंट वेलफेयर एसोशियसन (RWA) को अधिकतम स्थानों पर सीसीटीवी लगाने के लिए एक साथ आना चाहिए।

घरों को सुरक्षित रखने के लिए ग्रिल, मैजिक आई, डोर चेन और अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरण लगाकर उपाय की सलाह दी गई। श्री श्रीवास्तव ने सरकार द्वारा वरिष्ठ नागरिकों की भावनात्मक और सामाजिक सुरक्षा के लिए किए गए विभिन्न प्रावधानों औऱ वरिष्ठ नागरिकों के मुद्दों को उठाने वाले विभिन्न मंचों के बारे में भी बताया।

अंत में उन्होंने फिर से जोर दिया कि पुलिस अधिकारियों और वरिष्ठ नागरिकों के बीच आपसी विश्वास और सम्मान सभी कठिनाइयों को दूर कर सकता है, हालांकि दिल्ली पुलिस हमारे वरिष्ठ नागरिकों को सुरक्षित और खुश रखने के लिए प्रतिबद्ध है।

सेमिनार में संयुक्त पुलिस आयुक्त शालिनि सिंह ने वरिष्ठ पैनलिस्ट के रूप में हिस्सा लिया। उन्होंने कोविड -19 की दो घातक लहरों के दौरान दिल्ली पुलिस के फील्ड स्टाफ द्वारा किए गए विभिन्न मानवीय कार्यों के बारे में बताया। सेमिनार को लेडी श्रीराम कालेज की पत्रकारिता विभाग प्रमुख डा. वर्तिका नंदा ने भी संबोधित किया।
सेमिनार में चर्चा के दौरान, हिस्सा लेने वालो ने वरिष्ठ नागरिकों की विभिन्न चिंताओं से संबंधित कुछ प्रश्न पूछे। अधिकांश मुद्दे स्थानीय समस्याओं जैसे अनधिकृत पार्किंग या इलाकों में उपद्रवियों के जमावड़े के इर्द-गिर्द घूमते थे और उन्हें पैनलिस्टों द्वारा विधिवत संबोधित किया गया था। यह देखा गया कि मुद्दे नागरिक एजेंसियों के कामकाज से संबंधित थे, हालांकि यह आश्वासन दिया गया था कि दिल्ली पुलिस उन्हें उचित मंच पर ले जाने के लिए हर संभव व्यवस्था करेगी।

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