क्या आप जानते हैं माइक्रोग्रीन्स क्या है ? जान लें माइक्रोग्रीन्स के फायदे

माइक्रोग्रीन्स छोटे पौधे होते हैं जिनमें विटामिन, खनिज और एंटीऑक्सीडेंट की मात्रा अधिक होती है और ये स्वास्थ्य के लिए बेहद लाभकारी माने जाते हैं।
विभिन्न प्रकार के माइक्रोग्रीन्स जैसे मटर, मूली और सूरजमुखी के पौधे

सबसे पहले तो क्या आप जानते हैं कि माइक्रोग्रीन्स क्या है ? एक सुगंधित हरी सब्जियां हैं जिन्हें माइक्रो हर्ब्स या वेजिटेबल कन्फेटी के नाम से भी जाना जाता है। माइक्रोग्रीन्स वे छोटे पौधे होते हैं जिन्हें बीज अंकुरित होने के 7 से 21 दिन के भीतर ही काट लिया जाता है।

उम्मीद है आपको माइक्रोग्रीन्स क्या हैं यह समझ आ गया होगा। ये अंकुर (sprouts) से थोड़े बड़े और पूरी तरह विकसित सब्जियों से छोटे होते हैं। इन्हें आमतौर पर सलाद, सूप, सैंडविच और गार्निशिंग में इस्तेमाल किया जाता है। ये स्वाद में भरपूर होती हैं और विभिन्न व्यंजनों में एक मनमोहक रंग जोड़ती हैं। माइक्रोग्रीन्स के लाभ आपको भी जानने चाहिए।

माइक्रोग्रीन्स के फायदे

माइक्रोग्रीन्स (Microgreens) वास्तव में पोषक तत्वों का पावरहाउस हैं, जिनमें परिपक्व सब्जियों की तुलना में 9 गुना तक अधिक विटामिन, खनिज (पोटेशियम, आयरन, जिंक, मैग्नीशियम, कॉपर) और एंटीऑक्सीडेंट होते हैं।

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ये छोटे पौधे विटामिन C, E, K, फाइबर और महत्वपूर्ण अमीनो एसिड से भरपूर होते हैं, जो पाचन तंत्र को मजबूत बनाने, शरीर में सूजन कम करने और रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने में मदद करते हैं।

माइक्रोग्रीन्स में मुख्य पोषक तत्व और लाभ

माइक्रोग्रीन्स में विटामिन और खनिज भरपूर मात्रा में होते हैं। ये पोटेशियम, आयरन, जिंक, मैग्नीशियम और तांबे (copper) के उत्कृष्ट स्रोत हैं। इनमें परिपक्व पौधों की तुलना में अधिक प्रकार के एंटीऑक्सीडेंट जैसे पॉलीफेनॉल और अन्य एंटीऑक्सीडेंट पाए जाते हैं।


ये विटामिन C और K के उत्कृष्ट स्रोत हैं। उदाहरण के लिए, रेड कैबेज माइक्रोग्रीन्स में विटामिन C और गार्नेट ऐमारैंथ में विटामिन K की बहुत उच्च मात्रा होती है। माइक्रोग्रीन्स में प्रोटीन की अच्छी मात्रा और पर्याप्त फाइबर होते हैं।
माइक्रोग्रीन्स हमारे स्वस्थ आंत (Gut Health) के लिए बहुत फायदेमंद हैं, यह उच्च फाइबर सामग्री पाचन में सहायता करती है।

प्रमुख माइक्रोग्रीन्स और उनके पोषक तत्व

  1. मटर (Pea): विटामिन C और फोलेट (folic acid) का अच्छा स्रोत।
  2. मूली (Radish): विटामिन A, B, C, E, K, कैल्शियम, आयरन और एंटीऑक्सीडेंट से भरपूर।
  3. ⁠सूरजमुखी का बीज(Sunflower): सभी आठ आवश्यक अमीनो एसिड के साथ प्रोटीन का एक पूर्ण स्रोत। (ए.के.अरुण,एमडी; हील इनिशिएटिव)

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Dr. A. K. Arun
Dr. A K Arun एक प्रतिष्ठित होमियोपैथिक चिकित्सक और जन स्वास्थ्य विशेषज्ञ हैं, जो दिल्ली में अपनी सेवाएँ दे रहे हैं। उन्हें पुरानी और जटिल बीमारियों के उपचार में विशेष अनुभव है, जहाँ वे 50,000 से अधिक मामलों का सफल इलाज कर चुके हैं। वे HEAL (Health Education Art Life) फाउंडेशन के अध्यक्ष के रूप में भी सक्रिय हैं और होमियोपैथी के माध्यम से निवारक स्वास्थ्य (Preventive Health) को बढ़ावा देने पर विशेष ध्यान देते हैं।

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