डीजी/आईजी सम्मेलन में दिल्ली के सदर बाजार पुलिस थाने को मिला ट्राफी

डीजी/आईजी के 56 वें सम्मेलन में दिल्ली के सदर बाजार पुलिस स्टेशन को सर्वश्रेष्ठ थाने का ट्राफी मिला है। करीब 1555 थानो में से दिल्ली के सदर बाजार को सर्वश्रेष्ठ थाना चुना गया था। गृह मंत्री अमित शाह ने  लखनऊ में 56वें पुलिस डीजी/आईजी सम्मेलन का उदघाटन किया। इस वर्ष, पहली बार यह सम्मेलन हाइब्रिड मोड में किया जा रहा है। सभी राज्यों/केंद्रशासित प्रदेशों के पुलिस महानिदेशक तथा केंद्रीय बलों के प्रमुख, लखनऊ पुलिस मुख्यालय से इस सम्मेलन में सम्मिलित हो रहे हैं।  इसके अतिरिक्त, लगभग 350 अन्य अधिकारीगण, विभिन्न राज्यों में स्थित IB कार्यालयों से, वर्चुअल प्लैटफ़ार्म के जरिए इस सम्मेलन में शामिल हो रहे हैं।

सम्मेलन का उदघाटन करते हुए,  गृह मंत्री अमित शाह ने कोविड महामारी के दौरान सुरक्षा बलों द्वारा निभाई गई भूमिका और उनके त्याग की सराहना की।  गृह मंत्री ने आसूचना ब्यूरो(आईबी) के अधिकारियों को सराहनीय सेवा के लिए पुलिस मेडल प्रदान किए, तथा देश के 3 सर्वश्रेष्ठ थानों, दिल्ली के सदर बाजार, ओडिशा के गंगापुर और हरियाणा के भटटू  कलां को ट्रॉफी देकर सम्मानित किया।

गृह मंत्री अमित शाह ने राज्य पुलिस तथा केंद्रीय एजेंसियों के बीच बेहतर तालमेल पर ज़ोर देते हुए प्रतिनिधियों से कहा कि वे सम्मेलन में दिए गए सुझावों पर समयबद्ध तरीके से अमल करें। उन्होने तटीय सुरक्षा, वामपंथी उग्रवाद, नारकोटिक्स, साइबर क्राइम तथा सीमा प्रबंधन जैसे सुरक्षा संबंधित विषयों पर ध्यान केंद्रित करने पर ज़ोर दिया। उन्होने प्रधानमंत्री के निर्देशों के अनुसार, हाइब्रिड तरीके से सम्मेलन के आयोजन की सराहना की और कहा कि इससे निचले स्तर के अधिकारियों तक सूचनाओं का बेहतर प्रसार हो सकेगा।  उन्होने प्रभावी पुलिस व्यवस्था के लिए पुलिस थानों और बीट स्तर के सुधारों पर ज़ोर दिया।

सम्मेलन के दौरान आंतरिक सुरक्षा से जुड़े विभिन्न विषयों पर चर्चा की गई जिनमें जेल सुधार, कट्टरवाद से मिल रही चुनौतियाँ तथा पुलिस प्रशिक्षण जैसे विषय शामिल थे। NATGRID ने भी सम्मेलन में एक प्रजेंटेशन दिया। इस प्रजेंटेशन का मुख्य ध्येय, चुनौतियों को उजागर करना और उनसे निपटने के लिए भावी दिशानिर्देश तय करना था।

वर्ष 2014 से पुलिस महानिदेशक/महानिरीक्षक सम्मेलन, देश के विभिन्न भागों में आयोजित किया जा रहा है।  प्रधानमंत्री तथा गृह मंत्री दिल्ली से बाहर आयोजित सम्मेलनों में नियमित रूप से शामिल हो रहे हैं।  समय के साथ, सम्मेलन के प्रारूप में महत्वपूर्ण बदलाव किए गए हैं, जैसे कि अवधि तथा इनके आयोजन का तरीका। सम्मेलन की तैयारी के दौरान, आंतरिक सुरक्षा से जुड़े महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा के लिए, विभिन्न राज्यों के पुलिस महानिदेशकों को शामिल कर, अनेक कोर ग्रुप गठित किए गए।  इस वर्ष पहली बार, सम्मेलन में चर्चा किए जाने वाले समसामयिक सुरक्षा मुद्दों पर राज्यों/केंद्रशासित प्रदेशों के 200 से अधिक विभिन्न वरिष्ठता के अधिकारियों से उनके विचार मांगे गए। दो दिन प्रधानमंत्री मोदी भी इस सम्मेलन में शामिल होंगे।

 

Latest Posts

BREAKING NEWS
दिल्ली में 100 करोड़ का हेरोइन बरामद देखें वीडियो | दिल्ली में पकड़ा गया खलिस्तानी आतंकी | CBSE Physics Answer Sheet Mismatch: क्या सच में किसी और का पेपर मिला? जानें पूरा सच | ऑनलाइन सट्टेबाजी भारत में कानूनी है या अवैध? – 2026 | ‘राम की शक्ति पूजा’ से प्रेरित पुस्तक ने युवाओं को दिया नया संदेश | 8वां वेतन आयोग 2026: फिटमेंट फैक्टर कितना होगा, नई सैलरी क्या होगी और DA का क्या होगा—जानिए सब कुछ | Fake APK App Scam: Android यूजर्स के लिए नया खतरा, जानिए कैसे बचें | Malware Alert: नकली Software Update से फोन हैक, Delhi Police केस से सीखें बचाव के पक्के तरीके | संगति का प्रभाव और सनातन धर्म की व्यापकता | AI का युग: भारतीय विद्यार्थियों और युवाओं के लिए वे उपकरण जो 2026 में सबसे ज़्यादा काम आ रहे हैं | पासवर्ड नहीं, पासफ़्रेज़ अपनाइए — मजबूत साइबर सुरक्षा की नई आदत | सीमाहीन साइबर अपराध का बढ़ता जाल: Operation Ramz से समझें फ़िशिंग और मैलवेयर का असली खतरा |
26-05-2026