bangladeshi news: अवैध बांग्लादेशी नागरिकों के खिलाफ ताबड़तोड़ कार्रवाई का सिलसिला जारी है। नार्थ वेस्ट दिल्ली पुलिस के विदेशी प्रकोष्ठ ने इस बार डेढ़ दर्जन बांग्लादेशियों को पकड़ा है। यह लोग ईंट के भट्टे में काम कर रहे थे। पकड़े गए लोगों में महिलाएं और बच्चे भी हैं। नार्थ वेस्ट दिल्ली पुलिस की इस यूनिट ने हाल के दिनों में सैकड़ो ऐसे बांग्लादेशियों का पता लगाया है जो ईट के भट्टे में काम कर रहे थे। ये लोग बांग्लादेश में बात करने के लिए प्रतिबंधित एप्प की मदद लेते हैं।
bangladeshi news: ऐसे पता लगा अवैध बांग्लादेशी के पूरे परिवार का
नार्थ वेस्ट दिल्ली पुलिस के डीसीपी भीष्म सिंह के मुताबिक विदेशी प्रकोष्ठ को गुप्त सूचना मिली थी कि तीन परिवार हरियाणा से आकर वजीरपुर जेजे कालोनी में रह रहे हैं। सूचना के आधार पर एसीपी राजीव कुमार की निगरानी और इंस्पेक्टर विपिन कुमार के नेतृत्व में एसआई सपन, एसआई श्याम बीर, एएसआई राजेंद्र, राजेंद्र, हेडकांस्टेबल विक्रम, प्रवीण, विकास यादव, कांस्टेबल हवा सिंह और दीपक की टीम ने छापेमारी की।
छापेमारी के दौरान एक संदिग्ध व्यक्ति को पकड़ा गया और उससे लंबी पूछताछ की गई। लगातार पूछताछ के बाद उसने स्वीकार किया कि वह बांग्लादेशी है। पूछताछ के दौरान पता चला कि, ये परिवार हरियाणा में रेड क्ले ब्रिक्स कंपनी (भट्टा कंपनियों) में मजदूर के रूप में काम कर रहे थे और हरियाणा पुलिस द्वारा की गई कार्रवाई के कारण वे दिल्ली चले आए और वजीरपुर में जेजे क्लस्टर में रहने लगे। इसके बाद पुलिस ने 6 वयस्कों और 12 बच्चों सहित कुल 18 व्यक्ति बांग्लादेशी नागरिक पकड़े।
यह सभी बांग्एलादेशी अवैध रूप से रह रहे थे। विस्तृत पूछताछ तथा दस्तावेजीकरण के लिए विदेशियों के सेल में स्थानांतरित कर दिया गया। पूछताछ के दौरान उनके पास से 04 बांग्लादेशी पहचान पत्र तथा प्रतिबंधित IMO ऐप इंस्टॉल किया हुआ 01 मोबाइल फोन बरामद हुआ। मामले की जांच की जा रही है।
यह भी पढ़ेंः
- Malware Alert: नकली Software Update से फोन हैक, Delhi Police केस से सीखें बचाव के पक्के तरीके
- संगति का प्रभाव और सनातन धर्म की व्यापकता
- AI का युग: भारतीय विद्यार्थियों और युवाओं के लिए वे उपकरण जो 2026 में सबसे ज़्यादा काम आ रहे हैं
- पासवर्ड नहीं, पासफ़्रेज़ अपनाइए — मजबूत साइबर सुरक्षा की नई आदत
- सीमाहीन साइबर अपराध का बढ़ता जाल: Operation Ramz से समझें फ़िशिंग और मैलवेयर का असली खतरा
