टूथपेस्ट के टयूब में यूरोप भेजा जा रहा था नशीला केटामाइन-दिल्ली क्राइम ब्रांच का खुलासा

दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच ने नशीली दवाओं की अंतर्राष्ट्रीय तस्करों के एक ऐसे रैकेट का भंडाफोड़ किया है जिसके सदस्य एक नशीली दवा के पावडर को मशहूर टूथपेस्ट के टयूब में भर कर विदेशों में खासकर यूरोप भेज रहे थे। क्राइम ब्रांच के नारकोटिक्स इकाई ने इस रैकेट के सरगना को दिल्ली के पहाड़गंज से गिरफ्तार किया है।  उसके कब्जे से 25 लाख रूपये  मूल्य की  1 किलो केटामाइन ड्रगस् पकड़ी गई है। तस्करी का ये जाल दिल्ली और बिहार से लेकर यूरोपीय देशों तक फैला हुआ था।

क्राइम ब्रांच के डीसीपी भीष्म सिंह के मुताबिक इंटर बार्डर गैंग यूनिट में तैनात इंस्पेक्टर सुनील जैन को सूचना मिली थी कि इंटरनेशलन ड्रग रैक्ट के लोग पंचकुईंया रोड पर कुछ ड्र्ग्स सप्लाई करने आने वाले हैं। इस सूचना के आधार पर एसीपी जसबीर सिंह की देख रेख में इंस्पेक्टर सुनील जैन, एसआई अरविंद अहलावत, एएसआई संतराज सिंह, सुरेश कुमार आदि की टीम बनाई गई। मौके पर जाल बिछाकर इस टीम ने सत्येन्द्र कुमार यादव नाम के शख्स को दबोचा।

तलाशी में उसके पास से टूथपेस्ट के 200 ग्राम वाले 35 टयूब मिले 0जांच में उसके पास से 1 किलो केटामाइन पावडर बरामद हुआ। केटामाइन का इ्स्तेमाल सर्जरी के दौरान बेहोश करने के लिए किया जाता है। पूछताछ में पता चला कि सत्येन्द्र एक केमिस्ट के पास काम करता था जहां अक्सर विदेशी केटामाइन खरीदने के लिए आते थे। दुकानदार केटामाइन के इंजेक्शन से पावडर बनाया करता था। साल 2012 में सत्येन्द्र का मालिक केमिस्ट पकड़ा गया जिसके बाद उसने केटामाइन सप्लाई करना शुरू कर दिया। शुरूआत में उसने भी केमिस्ट से केटामाईन का इंजेक्शन लेकर उससे पावडर बनाई बाद में केटामाइन का पावडर वो पटना से लेने लगा।

पकड़ी गई खेप स्पेन भेजी जा रही थी। टूथपेस्ट के टूयूब में केटामाइन का पावडर भर कर उसे कोरियर किया जाना था।

 

Support India Vistar

Latest Posts

BREAKING NEWS
दिल्ली में 100 करोड़ का हेरोइन बरामद देखें वीडियो | दिल्ली में पकड़ा गया खलिस्तानी आतंकी | वरिष्ठ नागरिकों का Heart Health कैसे रखें बेहतर? लखनऊ में GSCC और Max Hospital ने शुरू की नई सुविधा | सोशल मीडिया का बच्चों पर असरः हिंसक reels को lika-share करना क्यों पड़ सकता है भारी | सपने में छिपकली दिख जाए तो क्या है इसका मतलब समझ लीजिए | Asian Games 2026: भारत की महिला कबड्डी टीम ने जीता Gold, CISF की ऋतु श्योराण ने फिर रचा इतिहास | फोन का Wi-Fi और Bluetooth कब बंद रखें? बाहर निकलते ही बदलें ये सेटिंग, वरना बढ़ सकता है प्राइवेसी का खतरा | CISF जवानों के तनाव और मानसिक स्वास्थ्य पर बड़ा कदम, IHBAS से 3 साल का समझौता | CRPF Women Battalion: 1986 में बनी पहली महिला बटालियन, 40 साल में ऐसे बदली महिलाओं की भूमिका | ऐप पर बढ़ता रहा मुनाफा, असली पैसा पहुंचा दुबई: जानिए Fake Trading App का नया जाल | एयरपोर्ट पर मदद के नाम पर ठगी: ₹11 हजार देने के बाद खुला राज, CISF को मिले तीन अलग नाम वाले पहचान पत्र | Tech Support Scam क्या है? कंप्यूटर पर Pop-Up दिखाकर कैसे होती है ठगी, IFSO केस से समझें पूरा तरीका |
27-09-2026