Latest news-इस सर्वेक्षण में डेढ़ करोड़ लोगों ने लिया हिस्सा, पीएम ने दिया पुरस्कार

Latest news-राष्ट्रीय स्वच्छ सर्वेक्षण-2018 में 1.5 करोड़ से अधिक लोगों ने भाग लिया और अपनी प्रतिक्रिया दी।स्वच्छ सर्वेक्षण ग्रामीण के तहत  पूरे भारत में 685 जिलों के 6786 गांवों को शामिल किया गया था।प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने पेयजल और स्वच्छता मंत्रालय द्वारा शुरू किए गए राष्ट्रीय स्वच्छ सर्वेक्षण ग्रामीण- 2018 के आधार पर अधिकतम जन भागीदारी के साथ शीर्ष स्‍थान पाने वाले जिलों और राज्यों को पुरस्कृत किया।

Latest news hindi

ये पुरस्कार राष्‍ट्रपति भवन के सांस्कृतिक केंद्र में महात्मा गांधी अंतर्राष्ट्रीय स्वच्छता सम्मेलन के समापन सत्र में प्रदान किए गए। हरियाणा को सर्वश्रेष्ठ राज्य का खिताब दिया गया जबकि महाराष्ट्र के सतारा जिले को स्वच्छ सर्वेक्षण ग्रामीण 2018 की रैंकिंग में सबसे अच्छे जिले का स्थान मिला। उत्तर प्रदेश को पेयजल और स्‍वच्‍छता के क्षेत्र में सर्वाधिक जनभागीदारी के लिए पुरस्कृत किया गया। बाद में केन्‍द्रीय पेयजल और स्‍वच्‍छता मंत्री उमा भारती ने शीर्ष स्‍थान पाने वाले देश के तीन राज्यों और जिलों को  प्रवासी भारतीय केंद्र में पुरस्‍कार प्रदान किए।

पेयजल और स्वच्छता मंत्रालय ने एक स्वतंत्र सर्वेक्षण एजेंसी के माध्यम से मात्रात्मक और गुणात्मक स्वच्छता (स्वच्छता) मानकों के आधार पर भारत के सभी जिलों की रैंकिंग तय करने के लिए “स्वच्छ सर्वेक्षण ग्रामीण- 2018” (एसएसजी 2018) की शुरुआत की थी। रैंकिंग तय करने के लिए स्कूलों, आंगनवाड़ी, पीएचसी, हाट/बाज़ार, और पंचायतों जैसे सार्वजनिक स्‍थलों और स्वच्छता के प्रति लोगों की धारणा तथा एसबीएम-जी आईएमआईएस की ओर से कार्यक्रम और डेटा सुधार के लिए दिए गए सुझावों को आधार बनाया गया था।

स्वच्छ सर्वेक्षण ग्रामीण के तहत  पूरे भारत में 685 जिलों के 6786 गांवों को शामिल किया गया था। इनमें 6786 गांवों में 27,963 सार्वजनिक स्थानों अर्थात स्कूल, आंगनवाड़ी, सार्वजनिक स्वास्थ्य केंद्र, हाट/बाज़ार/धार्मिक स्थानों आदि का सर्वेक्षण एक स्वतंत्र एजेंसी ने किया था। एसबीएम-जी संबंधित मुद्दों पर गांववासियों की प्रतिक्रिया जानने के लिए लगभग 182,531 नागरिकों का साक्षात्कार किया गया था। इसके अलावा एक ऐप के जरिए नागरिकों को स्वच्छता संबंधी मुद्दों पर ऑनलाइन प्रतिक्रिया देने के लिए भी कहा गया था। प्रत्यक्ष निरीक्षण से डेटा संग्रह सर्वेक्षण एजेंसी द्वारा सार्वजनिक स्थानों में स्वच्छता की स्थिति के भौतिक अवलोकन पर आधारित था। सर्वेक्षण एजेंसी ने जहां भी आवश्यक हो, फोटोग्राफ / वीडियो के साथ अपने अवलोकन और निष्कर्ष रिकॉर्ड करने के लिए नक्शे और सरल हैंडहेल्ड डिवाइस / रिकॉर्डिंग प्रारूपों का उपयोग किया।

Latest news

व्यापक खुली बैठकें, व्यक्तिगत साक्षात्कार और केन्द्रित समूह चर्चाओं (एफजीडी) के जरिए लोगों से प्रतिक्रिया प्राप्त की गई। प्रत्येक गांव में एफजीडी आयोजित किए गए थे। सर्वेक्षण में 1.5 करोड़ से अधिक लोगों ने भाग लिया और अपनी प्रतिक्रिया दी। एसएसजी 2018 प्रत्येक गांव में सामान्य स्वच्छता में सुधार के लिए समुदायों के साथ बड़े पैमाने पर जन आंदोलन अभ्यास के रूप में सामने आया। ग्राम पंचायतों ने सार्वजनिक स्थानों में स्वच्छता को बढ़ावा देने के लिए अपने स्थानीय क्षेत्र विकास कोष से धन दिया।

पुरस्‍कार प्राप्‍त करने वाले राज्‍य और जिलेः

  • शीर्ष स्थान पाने वाले 3 राज्य- हरियाणा, गुजरात, महाराष्ट्र
  • शीर्ष स्थान पाने वाले 3 जिले- सतारा (महाराष्ट्र), रेवाड़ी (हरियाणा), पेडापल्ली (तेलंगाना)
  • सबसे ज्यादा जनभागीदारी वाले राज्य- उत्तर प्रदेश, गुजरात, महाराष्ट्र
  • सबसे ज्यादा जनभागीदारी वाले जिले- नाशिक (महाराष्ट्र), सोलापुर (महाराष्ट्र), चितौड़गढ़ (राजस्थान)
Support India Vistar

Latest Posts

BREAKING NEWS
दिल्ली में 100 करोड़ का हेरोइन बरामद देखें वीडियो | दिल्ली में पकड़ा गया खलिस्तानी आतंकी | RRTS स्टेशन पर संदिग्ध अपहरण की कोशिश कैसे पकड़ी गई? CISF जवान की सतर्कता से 7 वर्षीय बच्चा सुरक्षित | पुलिसकर्मी की हत्या का रहस्य: सिर्फ एक सवाल पूछने की मिली खौफनाक सजा, ऐसे पकड़े गए कातिल | फेक न्यूज़ की पहचान अब होगी और तेज़, हर मंत्रालय में Quick Response Team | झारखंड के 20 वन प्रमंडलों में शुरू होगी JICA परियोजना, वन संरक्षण और ग्रामीण आजीविका पर रहेगा फोकस | भारत में बाघ संरक्षण की नई चुनौतियां: सफलता के बाद अब भविष्य की सबसे बड़ी परीक्षा | 11वीं अखिल भारतीय पुलिस जूडो क्लस्टर 2026: SSB बनी ओवरऑल चैंपियन, CISF और ITBP ने भी जमाया कब्जा | Cyber Commando क्या है? कांवड़ यात्रा में पहली बार तैनात हुए डिजिटल प्रहरी, जानिए कैसे रोकते हैं डीपफेक और साइबर अपराध | CISF की पहली महिला QRT तैयार, अब आतंकवादियों से मोर्चा लेंगी महिला कमांडो, जानिए क्यों है यह ऐतिहासिक कदम | जानिए क्या संकेत दे रहे हैं चौराहों के सिग्नल | Digital Arrest में जमानत कब मिलेगी? सुप्रीम कोर्ट के सख्त रुख से बदले संकेत, जानिए क्या है नई न्यायिक नीति |
01-08-2026