श्रीलंका बना साइबर ठगों का नया अड्डा? भारतीयों की बड़ी गिरफ्तारी ने बढ़ाया खतरा

श्रीलंका में बड़े पैमाने पर साइबर फ्रॉड नेटवर्क का खुलासा हुआ है, जहां 173 भारतीय समेत 198 विदेशी नागरिक गिरफ्तार किए गए हैं। यह मामला भारत के लिए भी बड़ा खतरा संकेत देता है।
साइबर फ्रॉड गिरोह प्रतीकात्मक चित्र

दक्षिण एशिया में साइबर अपराध का पैटर्न तेजी से बदल रहा है। अब श्रीलंका भी उन देशों की सूची में शामिल होता दिख रहा है जहां से अंतरराष्ट्रीय स्तर पर ऑनलाइन ठगी चलाई जा रही है। पहले कंबोडिया और म्यांमार जैसे देशों का नाम सामने आता था, लेकिन हालिया कार्रवाई ने श्रीलंका की भूमिका को भी उजागर कर दिया है।

173 भारतीय समेत 198 विदेशी गिरफ्तार, बड़ा खुलासा

हाल ही में श्रीलंका में सुरक्षा एजेंसियों ने बड़ी कार्रवाई करते हुए कुल 198 विदेशी नागरिकों को गिरफ्तार किया। इनमें 173 भारतीय और 25 नेपाली नागरिक शामिल हैं।

यह भी पढ़ेंः क्या आप जानते हैं कितना खतरनाक है सिम तस्करी का खेल

यह सभी लोग पर्यटक वीज़ा पर देश में दाखिल हुए थे, लेकिन बाद में अवैध कॉल सेंटर और साइबर ठगी नेटवर्क से जुड़ गए।

कहां-कहां चल रहे थे स्कैम सेंटर

गाले, हिक्काडुवा और मिडिगामा जैसे समुद्री पर्यटन क्षेत्र इस अवैध गतिविधि के प्रमुख केंद्र बने हुए थे। इन जगहों पर किराए के घरों और रिसॉर्ट्स में अस्थायी कॉल सेंटर बनाए गए थे।

छापेमारी के दौरान पुलिस ने 58 कंप्यूटर और 79 मोबाइल फोन जब्त किए, जो सीधे साइबर ठगी में इस्तेमाल हो रहे थे।

जनवरी 2026 से अब तक 628 विदेशी गिरफ्तार

यह कोई एक बार की घटना नहीं है। आंकड़े बताते हैं कि जनवरी 2026 से अब तक श्रीलंका में 628 विदेशी नागरिक साइबर अपराध में पकड़े जा चुके हैं। इससे साफ है कि यह एक बढ़ता हुआ ट्रेंड है।

कैसे काम करता है यह साइबर फ्रॉड नेटवर्क

इन गिरोहों का काम करने का तरीका काफी संगठित है।

H3: एंट्री और सेटअप

टूरिस्ट वीज़ा पर श्रीलंका पहुंचना और फिर वहां अस्थायी ठगी केंद्र तैयार करना।

H3: टारगेटिंग

VoIP कॉल, एन्क्रिप्टेड ऐप्स और सोशल मीडिया के जरिए भारत समेत कई देशों के लोगों को निशाना बनाना।

H3: फ्रॉड के तरीके

  • नकली निवेश और ट्रेडिंग प्लेटफॉर्म
  • लोन और फाइनेंस स्कैम
  • “डिजिटल गिरफ्तारी” जैसे नए तरीके
  • वीडियो कॉल के जरिए डराकर वसूली

भारत के लिए क्यों खतरनाक है यह मामला

इस पूरे मामले में सबसे गंभीर पहलू भारतीय नागरिकों की बड़ी संख्या है। यह संकेत देता है कि अंतरराष्ट्रीय साइबर गिरोह भारत से युवाओं को भर्ती कर रहे हैं और उन्हें विदेशों में इस्तेमाल कर रहे हैं।

इसके चलते भारत के आम नागरिक भी सीधे निशाने पर आ जाते हैं।

ALERT: आप कैसे बच सकते हैं ऐसे साइबर फ्रॉड से

अगर आपको किसी अनजान नंबर से कॉल या वीडियो कॉल आती है, तो तुरंत सतर्क हो जाएं।

  • किसी भी निवेश ऑफर पर तुरंत भरोसा न करें
  • खुद को पुलिस या अधिकारी बताने वालों से सावधान रहें
  • वीडियो कॉल पर डराने या धमकाने की कोशिश हो तो कॉल काट दें
  • किसी भी लिंक या ऐप को बिना जांचे डाउनलोड न करें

क्या कदम उठाने की जरूरत है

स्थिति को देखते हुए सरकार और एजेंसियों को कई स्तर पर काम करना होगा:

  • भारत और श्रीलंका के बीच सख्त वीज़ा जांच
  • संयुक्त साइबर टास्क फोर्स
  • लोगों को जागरूक करने के अभियान
  • तेज कानूनी कार्रवाई और प्रत्यर्पण प्रक्रिया

श्रीलंका में हुई यह कार्रवाई एक बड़े नेटवर्क की ओर इशारा करती है। इसमें भारतीयों की भागीदारी चिंता बढ़ाने वाली है।

अगर समय रहते सख्त कदम नहीं उठाए गए, तो यह नेटवर्क और फैल सकता है और आम लोगों की कमाई पर खतरा बढ़ सकता है।

Picture of inspector raman kumar

inspector raman kumar

इसंपेक्टर रमण कुमार सिंह, दिल्ली पुलिस में सिनियर इंस्पेक्टर के पद पर तैनात हैं। वह दिल्ली के कई पुलिस थानों के साथ साथ साइबर पुलिस स्टेशन के भी थानध्यक्ष रहे हैं। उन्हें साइबर क्राइम के कई अहम मामलों को सुलझाने के लिए जाना जाता है। वह साइबर जागरूकता के लिए साइबर सेफ नामक व्हाट्स ग्रुप, बी द पुलिस ग्रुप नामक फेसबुक पज ग्रुप के संचालक हैं।

Latest Posts

BREAKING NEWS
दिल्ली में 100 करोड़ का हेरोइन बरामद देखें वीडियो | दिल्ली में पकड़ा गया खलिस्तानी आतंकी | लाल किला कार बम धमाका: NIA चार्जशीट में खुली साजिश, कई राज्यों तक फैला था नेटवर्क | श्रीलंका बना साइबर ठगों का नया अड्डा? भारतीयों की बड़ी गिरफ्तारी ने बढ़ाया खतरा | समुद्री रास्ते से ड्रग तस्करी पर बड़ा वार, 6 दोषियों को कैसे मिली 10 साल की सजा | मातृभक्ति और अद्वैत की विरासत: आदि शंकराचार्य का प्रेरक प्रसंग | CISF जवानों के मानसिक स्वास्थ्य पर बड़ा कदम, Meditation और Wellness Program से तनाव कम करने की नई तैयारी | delhi: 72 करोड़ के 1700 किलो ड्रग्स नष्ट,नारकोटिक्स थाना की घोषणा | दिल्ली में खोया या चोरी हुआ मोबाइल वापस कैसे मिलता है? जानिए Delhi Police के ‘Operation Vishwas’ की पूरी प्रक्रिया | दिल्ली में घर बनाना हुआ आसान? DDA का नया ऑनलाइन सिस्टम समझिए | डिजिटल मिनिमलिज़्म: स्मार्टफोन का स्मार्ट उपयोग कैसे बढ़ाता है सुरक्षा और मानसिक शांति | delhi crime story: दुबई और तिहाड़ से चल रहा है गैंग, इन शार्पशूटरों से हुआ खुलासा |
14-05-2026