drdo netra कैसे करता है डिजिटल बार्डर की पहरेदारी, आपको भी जानना जरुरी

drdo netra

DRDO NETRA क्या है?
NETRA (Network Traffic Analysis) एक कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) आधारित निगरानी और ट्रैफिक विश्लेषण प्रणाली है, जिसे DRDO ने विकसित किया है और भारतीय खुफिया एजेंसियों द्वारा तैनात किया गया है। drdo netra इंटरनेट ट्रैफिक की वास्तविक समय में निगरानी करता है ताकि संदेहास्पद कीवर्ड, मैलवेयर सिग्नेचर और असामान्य पैटर्न को पहचाना जा सके, जैसे:
• ईमेल और चैट संदेश
• सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म
• VoIP और एन्क्रिप्टेड ट्रैफिक
• डार्क वेब गतिविधियाँ

drdo netra का क्या है उद्देश्य

इसका उद्देश्य संभावित खतरों को समय रहते चिन्हित करना है, विशेष रूप से आतंकवाद, जासूसी या समन्वित साइबर हमलों से संबंधित मामलों में।
पाकिस्तान आधारित साइबर हमले के खिलाफ NETRA की भूमिका
मई 2025 में, भारत के सरकारी सर्वरों और बुनियादी ढांचे पर पाकिस्तान से जुड़े APT समूहों—जैसे APT 36, Team Insane PK और Pakistan Cyber Force—द्वारा 15 लाख से अधिक साइबर हमले किए गए। NETRA ने इनसे निपटने में कैसे मदद की:

  1. हमले के तरीकों की प्रारंभिक पहचान
    • NETRA ने मैलवेयर पेलोड, फ़िशिंग प्रयास और DDoS समन्वय संकेतों को चिन्हित किया जो संक्रमित सर्वरों और टेलीग्राम चैनलों से आ रहे थे।
    • इसने GPS स्पूफिंग और OTP बाधा तकनीकों की पहचान की, जो पावर ग्रिड और सरकारी ईमेल सर्वरों को निशाना बना रही थीं।
  2. वास्तविक समय ट्रैफिक विश्लेषण
    • NETRA ने सरकारी नेटवर्क में पैकेट स्तर की असामान्य गतिविधियों की निगरानी की, जिससे संक्रमित नोड्स को अलग करने में मदद मिली।
    • इसने भारतीय एंडपॉइंट्स और विदेशी सर्वरों के बीच कमांड-एंड-कंट्रोल (C2) संचार को पकड़ा, जिससे त्वरित कार्रवाई संभव हुई।
  3. खतरे की पहचान और स्रोत निर्धारण
    • मेटाडेटा और पेलोड सिग्नेचर का विश्लेषण कर NETRA ने हमलों को SideCopy और Anonymous 71 जैसे विशिष्ट समूहों से जोड़ा, जिससे प्रतिवादात्मक खुफिया प्रयासों को बल मिला।
  4. CERT-In और IFSO को सहयोग
    • NETRA की चेतावनियाँ CERT-In और IFSO (दिल्ली पुलिस की साइबर इकाई) को भेजी गईं, जिससे समन्वित प्रतिक्रिया, पैचिंग और फॉरेंसिक विश्लेषण संभव हुआ।
    • इसने महाराष्ट्र, उत्तर प्रदेश, पंजाब और कर्नाटक में हमले के फैलाव को मैप करने में मदद की, जहाँ हजारों फीडर और ग्रिड स्टेशन प्रभावित हुए।
    रणनीतिक प्रभाव
    • विस्तार को रोका गया: 15 लाख में से केवल 150 हमले सफल हुए, NETRA की सक्रिय पहचान के कारण।
    • स्रोत निर्धारण संभव हुआ: NETRA के लॉग्स ने कूटनीतिक और कानूनी कार्रवाई को समर्थन दिया।
    • सिस्टम की मजबूती बढ़ी: NETRA से मिले इनसाइट्स का उपयोग अब भारत के AI-संचालित डिस्पैच सेंटर और OTP संरचना को मजबूत करने में किया जा रहा है।

यह भी पढ़ेंः

Picture of inspector raman kumar

inspector raman kumar

इसंपेक्टर रमण कुमार सिंह, दिल्ली पुलिस में सिनियर इंस्पेक्टर के पद पर तैनात हैं। वह दिल्ली के कई पुलिस थानों के साथ साथ साइबर पुलिस स्टेशन के भी थानध्यक्ष रहे हैं। उन्हें साइबर क्राइम के कई अहम मामलों को सुलझाने के लिए जाना जाता है। वह साइबर जागरूकता के लिए साइबर सेफ नामक व्हाट्स ग्रुप, बी द पुलिस ग्रुप नामक फेसबुक पज ग्रुप के संचालक हैं।

Latest Posts

BREAKING NEWS
दिल्ली में 100 करोड़ का हेरोइन बरामद देखें वीडियो | दिल्ली में पकड़ा गया खलिस्तानी आतंकी | डिजिटल मिनिमलिज़्म: स्मार्टफोन का स्मार्ट उपयोग कैसे बढ़ाता है सुरक्षा और मानसिक शांति | delhi crime story: दुबई और तिहाड़ से चल रहा है गैंग, इन शार्पशूटरों से हुआ खुलासा | इनकम टैक्स मेल कैसे चेक करते हैं, जान लें नहीं तो साइबर क्राइम का शिकार हो सकते हैं आप | ऐसे चलता है मोबाइल के नकली एक्सेसरीज का कारोबार, दिल्ली पुलिस ने खोला सच | ऑनलाइन गेमिंग और जुआ का जाल कैसे काम करता है ? जानिए पहचान, खतरे और बचने के तरीके | CBSE 12वीं का रिजल्ट कैसे चेक करें? कब आएगा रिजल्ट ? | सावधान हो जाइए gift card scam से, जानिए साइबर क्रिमिनल क्यों करते हैं पसंद | मेटा के नए नियम क्या हैं? आपके लिए क्या बदला ? जान लें सारी बात | E-RUPEE: ई-रुपया क्या है? क्या है इसका फायदा और कैसे करता है काम ? आपके काम की जानकारी | शुक्र ग्रह को कमजोर कर सकती हैं आपकी ये फैशन आदतें! रिश्तों और पैसों पर भी पड़ता है असर |
12-05-2026