cyber crime syndicate के चार लोग पकड़े गए, देश भर में सौ करोड़ के साइबर अपराध में शामिल

cyber crime syndicate

दिल्ली पुलिस की अपराध शाखा के साइबर यूनिट ने cyber crime syndicate का पर्दाफाश किया है। cyber crime syndicate में शामिल चार लोग पकड़े गए हैं। इनसे देश भर में करीब 100 करोड़ की साइबर धोखाधड़ी का खुलासा हुआ है। देश भर में दर्ज 34 एफआईआर में इनके शामिल होने का आरोप है। पुलिस ने इनसे कई मोबाइल फोन और फर्जी खाते भी बरामद किया है।

cyber crime syndicate का इस तरह हुआ खुलासा

क्राइम ब्रांच के डीसीपी आदित्य गौतम के मुताबिक एक कारोबारी को एक फर्जी ऑनलाइन निवेश वेबसाइट http://fxprovip.com. के माध्यम से 48.35 लाख की चूना लगाया गया। कारोबारी की शिकायत पर एसीपी अनिल शर्मा की निगरानी और इंस्पेक्टर संदीप सिंह के नेतृत्व में एसआई राकेश मलिक, महिला एसआई भाग्य श्री, एएसआई संदीप त्यागी, संजय, हेडकांस्टेबल सचिन, कपिल, अक्षय, विकास, भूपेन्द्र, आनंद, मोहित तोमर, कांस्टेबल आशीष और महिला सिपाही ममता की टीम बनाई गई।

पुलिस टीम ने पंजाब के लुधियाना से सनी मिश्रा, कुलदीप कुमार, गौरव और सुमित प्रधान को गिरफ्तार किया। पुलिस के मुताबिक ठगी की रकम को निकालने के लिए गरीब लोगों के खातों का इस्तेमाल किया जाता था। सुमित प्रधान एक बैंक में कार्यरत है। उसकी मदद से कई फर्जी खाते खुलवाए गए थे।

आरोपी नेटवर्क से जुड़े 23 से अधिक बैंक खातों का पता चला है। आरोपियों के व्हाट्सएप डेटा से 24 और संदिग्ध म्यूल खातों का पता चला है। उनकी पुष्टि के प्रयास जारी हैं। इनमें से कई ट्रेडिंग वेबसाइटों से जुड़े पाए गए और लेयरिंग और नकद निकासी के लिए इस्तेमाल किए गए।

आरोपियों को पकड़ने और और सबूत इकट्ठा करने के लिए एसआई राकेश मलिक, हेडकांस्टेबल कपिल, अक्षय और विकास की एक फील्ड यूनिट को लुधियाना, पंजाब भेजा गया। स्थानीय लोगों के वेश में, हवलदार अक्षय सोलंकी ने संदिग्धों के घरों पर गुप्त रूप से निगरानी की और छापे मारे। इस बीच, टीम के बाकी सदस्य साइबर सेल कार्यालय में तैनात रहे ताकि वास्तविक समय में समन्वय और सहायता प्रदान की जा सके।

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01-09-2026