उत्तर-पूर्वी दिल्ली के ज़ाफराबाद इलाके में 16 दिसंबर 2025 को हुई सनसनीखेज डबल मर्डर की गुत्थी (Zafrabad double murder case)अब सुलझ चुकी है। दिल्ली पुलिस क्राइम ब्रांच ने इस मामले में मुख्य शूटर और उस पढ़े-लिखे मास्टरमाइंड को मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार किया है, जिसने कानून की पढ़ाई (LLB) करने के बावजूद अपराध की दुनिया का रास्ता चुना।
Zafrabad double murder case: कैसे हुई वारदात
नदीम और उनके भाई फ़ज़ील को ज़ाफराबाद के चौहान बांगर इलाके में घेरकर लगभग 50 राउंड गोलियां मारी गईं। दोनों की मौके पर ही मौत हो गई। फॉरेंसिक जांच से साफ हुआ कि यह हमला पूरी तरह योजनाबद्ध था।
बदले की वजह
अगस्त 2025 में स्पेशल सेल ने हथियार तस्कर सलीम पिस्टल को गिरफ्तार किया था। पूछताछ में नदीम का नाम सामने आया। बाद में नदीम ने मोहम्मद दानिश का नाम उजागर किया। इसी रंजिश में दानिश ने बदला लेने की योजना बनाई।
LLB पढ़ा मास्टरमाइंड
गिरफ्तार मुख्य साजिशकर्ता मोहम्मद दानिश (34) ज़ाफराबाद का निवासी है और उसने कानून की पढ़ाई (LLB) की है। वह पहले से दो आपराधिक मामलों में शामिल रहा है और पूरे हमले की योजना उसी ने बनाई थी।
क्राइम ब्रांच की टीम
इस ऑपरेशन को डीसीपी विक्रम सिंह, आईपीएस के निर्देश पर गठित ER-II टीम ने अंजाम दिया। टीम का नेतृत्व इंस्पेक्टर सुनील कुंडू ने किया। टीम में शामिल थे:
- SI गुंजन
- ASI सतेंदर
- HC राजीव
- HC प्रिंस
- HC मोहित
- HC विकास
पूरी कार्रवाई एसीपी नरेंद्र बेनीवाल की निगरानी में की गई।
मुठभेड़ और गिरफ्तारी
8 जनवरी 2026 को गाज़ीपुर पेपर मार्केट इलाके में आरोपियों को घेरा गया। सरेंडर के लिए कहने पर उन्होंने फायरिंग शुरू कर दी। जवाबी कार्रवाई में दोनों आरोपी घायल हुए और गिरफ्तार कर लिए गए। पुलिसकर्मी बुलेटप्रूफ जैकेट की वजह से सुरक्षित रहे।
गिरफ्तार आरोपी
- आसद अमीन (22) — मुख्य शूटर, लगभग पाँच मामलों में शामिल
- मोहम्मद दानिश (34) — मुख्य साजिशकर्ता, LLB शिक्षित, दो मामलों में शामिल
पुलिस का बयान
डीसीपी विक्रम सिंह ने कहा कि संगठित अपराध और गैंग नेटवर्क के खिलाफ क्राइम ब्रांच की कार्रवाई लगातार जारी रहेगी और ऐसे अपराधियों को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा।










