Gogi Gang-गोगी गैंग के गुर्गों ने रची थी यह खतरनाक साजिश

 

Gogi Gang-गोगी गैंग के कुख्यात गुर्गे करमबीर उर्फ काजू को मेडिकल जांच के दौरान हिरासत से फरार कराने की रची गई थी साजिश। गोगी गैंग के गुर्गे करमबीर को फरार कराने के लिए हथियार और मिर्ची के पावडर लेकर अस्पताल पहुंचे थे। मगर करमबीर को जेल वैन से बाहर नहीं निकाला गया तो उनकी साजिश नाकाम हो गई। इस बार फिर गोगी गैंग के गुर्गो ने उसे फरार कराने की साजिश रची मगर दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने उन्हें पहले ही दबोच लिया। गिरफ्तार गोगी गैंग के गुर्गो ने खुद इस साजिश का खुलासा किया है।

Gogi Gang in Hindi

दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने कुख्यात गैंगस्टर जितेन्द्र उर्फ गोगी गैंग के दो गुर्गों को गिरफ्तार किया है। इनके पास से एक दर्जन पिस्टल और 30 कारतूस बरामद किए गए हैं। स्पेशल सेल के स्पेशल सीपी एच जी एस धालीवाल के मुताबिक ऑपरेशन डीसीपी राजीव रंजन की देखरेख में एलीपी ललित मोहन नेगी औऱ हृदय भूषण के नेतृत्व में इंस्पेक्टर रविन्द्र कुमार त्यागी और अजीत सिंह की टीम ने किया। पकड़े गए बदमाशों की पहचान अभिषेक उर्फ अमित उर्फ मिट्टा और नवीन उर्फ शनिचर के रूप में हुई है।  दोनो सोनीपत के रहने वाले हैं। इन्हें जगतपुर फ्लाइओवर के पास से 27 अप्रैल को गिरफ्तार किया गया था।

पुलिस हिरासत में गैंगस्टर के गुर्गे

श्री धालीवाल के मुताबिक बरामद पिस्टल में से 10 .32 बोर के हैं जबकि दो सिंगल शॉट हैं। बरामद कारतूसो में से 20 7.65 एमएम और 10 8 एमएम के हैं। अवैध हथियारों पर रोकथाम के मद्देनजर अप्रैल में स्पेशल सेल को सूचना मिली थी कि गोगी गैंग के लोग बिहार और मध्य प्रदेश से अवैध हथियार खरीद रहे हैं। 27 अप्रैल को विशिष्ट सूचना के आधार पर इंस्पेक्टर रविन्द्र कुमार त्यागी और अजीत सिंह के नेतृत्व में एसआई सत्येन्द्र कुमार, एएसआई सत्येन्द्र यादव, हेडकांस्टेबल कपिल देव, अंकित त्यागी, नेतराम जाट, ललित त्यागी, धर्मराज, ललित राठी, अमित यादव, अवधेश तोमर, कांस्टेबल विकास यादव, राजवीर, अंकित चौधरी और सूर्यकांत की टीम ने जाल बिछाकर अभिषेक और नवीन को धर दबोचा। तलाशी में उनके बैग से पिस्टल और कारतूस बरामद हुए।

ऑफर-https://amzn.to/427Ukbc

पूछताछ में उन्होंने बताया कि वह पिछले एक साल से मध्य प्रदेश के बुरहन पुर और बिहार के मुंगेर से अपने गैंग के लिए अवैध हथियार खरीद रहे हैं। अभिषेक उर्फ अमित उर्फ मिट्टा गोगी गैंग के जेल में बंद बदमाशों के काफी नजदीक है औऱ अक्सर उनसे जेल औऱ कोर्ट में मिलता रहता है। 2022 में उसने अपने साथियों के साथ मिलकर कुख्यात गैंगस्चर करमबीर उर्फ काजू को दिल्ली पुलिस की हिरास से फरार कराने की साजिश रची थी। इस साजिश के मुताबिक गैंग के लोग हथियार और मिर्च के पावडर लेकर रोहिणी के बीएसए अस्पताल पहुंचे थे। उस दिन दिल्ली पुलिस करमबीर को लेकर सीटी स्कैन कराने पहुंची थी मगर मशीन खराब होने की वजह से उसे जेल वैन से बाहर नही निकाला गया औऱ उनकी साजिश नाकाम हो गई। इस साल भी उन्होंने जेल में करमवीर से मलकर उसे फरार करने की योजना बनाई मगर इसके पहले ही गिरफ्तार हो गए।   

Support India Vistar

Latest Posts

यह भी पढ़ें

BREAKING NEWS
दिल्ली में 100 करोड़ का हेरोइन बरामद देखें वीडियो | दिल्ली में पकड़ा गया खलिस्तानी आतंकी | CISF की नई सुरक्षा व्यवस्था: अब पावर प्लांट से बंदरगाह तक अलग-अलग कमांड संभालेंगे सुरक्षा | दिल्ली-एनसीआर में कोकीन तस्करी का नेटवर्क बेनकाब, युवाओं तक कैसे पहुंच रहा था ड्रग्स का कारोबार? | पेन ड्राइव के साथ साथ ये चीजें भी आपको बना सकती हैं साइबर क्राइम का शिकार | फर्जी लोन और स्कॉलरशिप के नाम पर कैसे होती है ऑनलाइन ठगी? बैंक अकाउंट और फर्जी कॉल के इस खेल को समझें | कार हैकिंग क्या है? Tesla FSD मामला बताता है कि सॉफ्टवेयर से छेड़छाड़ कैसे बन सकती है जानलेवा खतरा | CISF में खेल सुविधाएं: जवानों की फिटनेस के लिए नोएडा में नया मल्टी-स्पोर्ट एरिना | साइबर सुरक्षा के 10 जरूरी नियम: पासवर्ड, डेटा बैकअप और ऑनलाइन ठगी से ऐसे बचें | सीआईएसएफ महिला तीरंदाजी टीम बनी चैंपियन, बल ने 16 पदक जीते | मोबाइल पर बिना लॉगिन किए ही आ रहा है OTP या Approval request ? अकाउंट हैक होने से पहले कर लें यह काम | CISF जवान की मौत पर परिवार को कितना पैसा मिलता है? बीमा, पेंशन और सरकारी सहायता की पूरी जानकारी |
03-11-2026