Delhi Crime news: दिल्ली क्राइम ब्रांच ने नक्सलियों से लेकर दिल्ली एनसीआर में अवैध गांजे की तस्करी का भांडाफोड़ किया है। मेन सप्लायर पैरोल पर फरार होकर गांजा तस्करी में लिप्त था। पुलिस ने गांज तस्करी नेटवर्क के पांच लोगों को गिरफ्तार किया है। इनके कब्जे से करीब 23 किलो अवैध गांजा और एक स्वीफ्ट टैक्सी बरामद की गई है।
Delhi Crime news: इस तरह पकड़े गए तस्कर
क्राइम ब्रांच नारकोटिक्स सेल के डीसीपी भीष्म सिंह के मुताबिक हवलदार सांवरमल की सूचना पर दिल्ली के विजय घाट से दो ड्रग सप्लायर धर्मेंद्र शाह और प्रीतम को दबोचा गया। तलाशी के दौरान धर्मेंद्र के कब्जे से 22.287 किलोग्राम गांजा और प्रीतम के कब्जे से एक स्विफ्ट डिजायर टैक्सी जब्त की गई। एसीपी अनिल शर्मा की निगरानी और इंस्पेक्टर पंकज कुमार के नेतृत्व में एसआई राम किशन, एचसी सांवर,अजीत और अमित देखरेख में ऑपरेशन शुरू किया गया।
ऐसे चलता था नेटवर्क
पूछताछ के दौरान आरोपी धर्मेंद्र शाह ने खुलासा किया कि उसने नोएडा के एक गांजा सप्लायर मुन्ना से गांजा खरीदा था और इसे दिल्ली और एनसीआर में अपने रिसीवरों को बेचता था। पुलिस रिमांड के दौरान धर्मेंद्र शाह की निशानदेही पर गांजा सप्लाई में उसके पार्टनर अजय कुमार और रिसीवर नीरज कुमार उर्फ गोलू को भी गिरफ्तार किया गया। उसके कब्जे से .664 किलोग्राम गांजा और तस्करी से अर्जित ₹ 8000 बरामद किए गए।
पुलिस टीम ने इस नेटवर्क के मास्रटमाइंड मुन्ना की तलाश शुरू की। पता लगा कि वह पहले ही मादक पदार्थों की तस्करी के दो मामलो में लिप्त रहा है। एक मामले में क्राइम ब्रांच ने 2018 में उसके पास से 718 किलोग्राम गांजा बरामद किया था। 2023 में उसेक खिलाफ नोएडा में मामला दर्ज हुआ था। क्राइम ब्रांच के मामले में उसे जमानत मिली तो वह फरार हो गया। वह आंध्र प्रदेश के विजयवाड़ा के पास से नक्सलियों से गांजा खरीद कर सप्लाई करता था।
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