SIP कॉलिंग का काला खेल: अवैध टेलीफोन एक्सचेंज कैसे भारत में साइबर क्राइम का फ्रंटलाइन बना रहे हैं

SIP कॉलिंग पर चलने वाले अवैध टेलीफोन एक्सचेंज भारत में साइबर अपराध का नया फ्रंट बना चुके हैं। कॉल स्पूफिंग, अंतरराष्ट्रीय रूटिंग और सिमबॉक्स के जरिये अपराधी लोगों को डिजिटल अरेस्ट और बैंकिंग धोखाधड़ी में फँसा रहे हैं। हाल के मामलों और सुरक्षा उपायों पर एक नजर।
SIP कॉलिंग साइबर क्राइम

भारत में साइबर अपराध के तरीके बदल रहे हैं। जहां पहले फ्रॉड सिर्फ लिंक, OTP और फर्जी ऐप तक सीमित था, अब कॉल भी उतनी ही खतरनाक हो चुकी हैं। इन कॉल्स के पीछे SIP आधारित अवैध टेलीफोन एक्सचेंज काम करते हैं, जो अपराधियों को भारत में बैठा दिखाते हैं जबकि वे हजारों किलोमीटर दूर किसी दूसरे देश में होते हैं। SIP कॉलिंग साइबर क्राइम की नई चुनौती है।

SIP कॉलिंग क्या है और इसका गलत इस्तेमाल कैसे होता है

SIP एक वैध तकनीक है जो इंटरनेट पर कॉल, वीडियो और मैसेजिंग को संभव बनाती है। दिक्कत तब शुरू होती है जब इसका इस्तेमाल SIM बॉक्स, क्लाउड PBX और स्पूफ्ड रूटिंग के साथ मिलाकर धोखाधड़ी के लिए किया जाता है।
अपराधी कुछ मिनट में हजारों SIP लाइनें एक्टिव कर लेते हैं, फर्जी कॉलर ID लगाते हैं और लोगों को यह यकीन दिलाते हैं कि कॉल किसी सरकारी एजेंसी या बैंक से आ रही है।

दिसंबर 2025 के दो बड़े मामले जिन्होंने खतरा साफ कर दिया

1. बेंगलुरु में सिमबॉक्स रैकेट का भंडाफोड़

पुलिस ने ऐसा एक्सचेंज पकड़ा जो विदेश से आने वाली कॉल को भारत की स्थानीय कॉल में बदल रहा था। इससे सरकार को राजस्व का नुकसान और कॉल की असली लोकेशन छुप जाती थी।

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2. दिल्ली में 20,000+ सिम कार्ड वाला नेटवर्क

CBI की एफआईआर में सामने आया कि एक कंपनी ने हजारों सिम कार्ड लेकर डिजिटल अरेस्ट और स्पूफ्ड कॉल ऑपरेशन चलाया। लोग नकली कानून प्रवर्तन अधिकारियों के नाम पर धमकाए गए।

अपराधियों को SIP इतना आकर्षक क्यों लगता है

कॉलर ID स्पूफिंग से अंतरराष्ट्रीय कॉल स्थानीय दिखती है

कंबोडिया, थाईलैंड और कनाडा जैसे देशों से रिमोट ऑपरेशन

क्लाउड PBX से सेकंडों में नए रूट

लेयर्ड रूटिंग से असली सोर्स ट्रेस करना मुश्किल

तकनीक जो अच्छी भी है और खतरनाक भी

SIP अपने आप में बुरी नहीं है। यह स्केलेबल है, लोकेशन पर निर्भर नहीं है और हर डिवाइस पर काम करती है। यही लचीलापन इसे अपराधियों के लिए भी आकर्षक बनाता है। वे कस्टम रूटिंग लगाकर असली लोकेशन छिपा लेते हैं।

राष्ट्रीय सुरक्षा पर इसका असर

टेलीकॉम राजस्व का नुकसान

नागरिकों को डिजिटल अरेस्ट और फर्जी CBI/बैंक कॉल का खतरा

जांच एजेंसियों के लिए जटिल ट्रेसिंग

विदेशी सर्वर के जरिए संगठित साइबर गैंग मजबूत हो रहे हैं

सरकार और एजेंसियां क्या कर रही हैं

  • DoT ने स्पूफ्ड अंतरराष्ट्रीय कॉल ब्लॉक करने की प्रक्रिया शुरू की
  • पुलिस और CBI लगातार अवैध एक्सचेंज गिरा रही हैं
  • टेलीकॉम कंपनियां KYC और ट्रैफिक विश्लेषण को कड़ा कर रही हैं
  • विदेशों में SIP सर्वर ट्रैक करने के लिए सहयोग बढ़ाया जा रहा है

नागरिक कैसे सुरक्षित रहें

  • अनजान स्थानीय नंबर पर बिना सोचे भरोसा न करें
  • याद रखें, CBI, बैंक या TRAI कभी फोन पर पैसे नहीं मांगते
  • किसी शक में 1930 पर शिकायत करें या http://cybercrime.gov.in पर रिपोर्ट करें
  • चक्षु ऐप का इस्तेमाल करें और परिवार को भी जागरूक रखें
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inspector raman kumar
इंस्पेक्टर रमण कुमार सिंह,दिल्ली पुलिस में बतौर इंस्पेक्टर तैनात है । वे दिल्ली के कई पुलिस थानों के साथ साथ साइबर पुलिस स्टेशन के थानाध्यक्ष रहे है । वे साइबर जागरूकता के लिए साइबर सेफ व्हाट्सएप्प ग्रुप और बी द पुलिस नाम से फेसबुक पेज और फेसबुक ग्रुप के संचालक है ।

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05-07-2026