Hawala money-हवाला से पैसा आने के संबंध में आपने कई बारे सुना होगा। हवाला से पैसा एक जगह से दुसरी जगह चुटकी बजाते ही पहुंच जाता है। नकद और आपराधिक लेन देन का सबसे बड़ा जरिया हवाला क्या है। इसके जरिए कैसे पैसों का लेन देन होता है, क्या यह आप जानते हैं। आइए आज आपको बताते हैं हवाला क्या है और इसके जरिए कैसे पैसों का लेन देन होता है। किन पैसों को हवाला का पैसा कहा जाता है और क्यों कई विभाग इसके लिए कार्रवाई करते हैं।
Hawala money क्या होता है हवाला
हवाला को आप अनौपचारिक धन हस्तांतरण प्रणाली के नाम से भी पुकार सकते हैं। इस प्रणाली में पैसे वास्तविक आवाजाही के बिना ही एक व्यक्ति से दूसरे व्यक्ति के हाथ में पहुंच जाता है। नियमों के मुताबिक यह गैरकानूनी प्रक्रिया है। इसके लिए किसी भी दस्तावेजी औपचारिकता की आवश्यकता नहीं होती है। यह पूरा कारोबार सिर्फ विश्वास पर टिका होता है। इसीलिए यह धन हस्तांतरण की गुमनाम प्रणाली है।
हवाला एक बेहद पुराना तरीका है। एक दौर था जब चीन से लेकर अरब और यूरोपीय देशों तक सिल्क रूट से कारोबार होता था। भारत भी इसी रूट से व्यापार करता था। उस समय व्यापारी उंट पर सवार होकर एक स्थान से दूसरे स्थान तक जाया करते थे। यह इतना आसान नहीं था और रास्ते में कई बार चोर डाकूओं से भी सामना करना पड़ता था। इससे उन्हें पैसे का भारी नुकसान भी उठाना पड़ता था। इसी दौर में हवाला कारोबार का जन्म हुआ।
अब अगर आपको कोई भारी रकम देश या दुनिया के किसी दूसरे हिस्से में पहुंचाना है तो बैंक के जरिए ना केवल अतिरिक्त चार्ज देने पड़ते हैं बल्कि पूछे जाने पर रकम का हिसाब किताब भी देना होता है। सही जवाब ना होने पर कानूनी कार्रवाई का शिकार भी होना पड़ सकता है। हवाला के जरिए रकम आपको कुछ कमीशन पर एक जगह से दूसरी जगह पर मिलता है। इसे ही हवाला का पैसा कहा जाता है।
हवाला का सारा लेन देन केवल विश्वास पर होता है। अधिकतर गैरकानूनी काम रुपये, डॉलर और दिरहम आदि मुद्राओं का लेन देन हवाला के जरिए होता है। इसके जरिए होने वाला लेनदेन काफी गुप्त होता है। इसलिए इसके जरिए रकम भेजने वाले और पाने वाले दोनों को ट्रैस करना मुश्किल होता है। हवाला के जरिए आपराधिक मामलों में लिप्त ही नहीं बल्कि कैश में कारोबार करने वाले भी लेन देन करते हैं। इसीलिए कई विभाग हवाला के जरिए होने वाली लेन देन के किलाफ कार्रवाई करते रहते हैं।
पढ़ने योग्य
- Mule SIM Fraud: साइबर अपराधियों तक पहुंचने की सबसे अहम कड़ी बनी सिम कार्ड की जांच
- Cyber Fraud: ऑनलाइन ठगी करने वाले गैंग पर कैसे होती है कार्रवाई? जानिए BNS की धारा 111 और म्यूल बैंक अकाउंट का पूरा खेल
- International Tiger Day 2026: भोपाल की ‘Run for Tiger’ ने दिया बड़ा संदेश, 600 से अधिक लोगों ने बाघ संरक्षण के लिए लगाई दौड़
- फेक न्यूज़ और सोशल मीडिया नैरेटिव: डिजिटल युग में सक्रिय सूचना प्रबंधन क्यों बन गया है सबसे बड़ी जरूरत
- ऑल इंडिया पुलिस जूडो चैंपियनशिप 2026: SSB ने जीती चैंपियन ट्रॉफी, जानिए मेडल टैली और सभी विजेताओं की पूरी जानकारी











